Wednesday, February 17, 2010

कुछ प्रश्न स्वयं से करें?

* वर्तमान शिक्षा प्राप्त करने के लिए १८ और २० साल आपने अपने लगा दिए क्या अब भी हममें दो रोटी कमाने का आत्मविश्वास पाया है?

* अगर हमारी नौकरी चली गई तो हमारा क्या हाल होगा?

* समझ का विषयवस्तु क्या है? और क्या सबके लिए एक है या अलग -अलग?

* चार अवस्थाएं किस धर्म के हिसाब से काम करते हैं?

हिन्दू धर्म/मुस्लिम धर्म/प्रकृति धर्म

* हम जड़ वस्तुओं पर मानव से ज्यादा विश्वास कर पाते हैं क्यों?

क्या हम खुद पर विश्वास कर पाते हैं

हाँ/नहीं

नहीं? तो क्यों?

* आदमी हाथी को आँख बंद करके देखा तो क्या देखा ?

* फिर से वही प्रश्न दोबारा

समझ का विषयवस्तु सबके लिए एक या अलग -अलग।

* हम किस श्रेणी में आते हैं?

बुरे हैं/बुरे नहीं है/अच्छे हैं/समझदार हैं

* क्यों कहा जाता है?

" अच्छे लोग पीसते हैं।"

Good People is always suffer.

* क्या स्वयं के भीतर यह स्पष्टता बन पाई है कि करना क्या है?

* चुप तो बैठना नहीं है शामिल तो होना ही है पर कहाँ हो रहे हैं?

कहीं वह धरातल लाभोंमाद, भोगोंमाद और कामोन्माद का तो नहीं?
अगर ऐसा है तो भैया अपने को संभालो।
यह जीवन दोबारा नहीं मिलने वाला अभी समझ लो।

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